पीएम मोदी बोले- दुनिया के साथ और दुनिया के लिए आगे बढ़ रहा भारत, स्टार्टअप और डिजिटल नवाचार पर दिया जोर

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ब्लूमबर्ग न्यू इकोनॉमी फोरम में भारत की डिजिटल उपलब्धियों, 2.5 लाख से अधिक स्टार्टअप, महिला भागीदारी, डिजिटल भुगतान और कोविन प्लेटफॉर्म का उल्लेख किया। उन्होंने समावेशी तकनीक और वैश्विक सहयोग के महत्व पर जोर दिया।

By  Preeti Kamal October 13th 2026 11:40 AM -- Updated: October 13th 2026 11:27 AM

नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को भारत के डिजिटल इकोसिस्टम, स्टार्टअप क्षेत्र में बढ़ती भागीदारी और समावेशी तकनीक की भूमिका को रेखांकित किया। ब्लूमबर्ग न्यू इकोनॉमी फोरम को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि भारत किसी की कीमत पर आगे नहीं बढ़ता, बल्कि दुनिया के साथ और दुनिया के लिए विकास करता है।

प्रधानमंत्री ने भारत के डिजिटल भुगतान तंत्र का उदाहरण देते हुए कहा कि देश में छोटे दुकानदार से लेकर बड़े कार शोरूम तक, अलग-अलग स्तर पर कारोबार करने वाले लोग एक ही डिजिटल भुगतान मंच का इस्तेमाल कर सकते हैं। उन्होंने इसे समावेशी तकनीक की ताकत बताया। उन्होंने कहा, “हम किसी की कीमत पर आगे नहीं बढ़ते। हम दुनिया के साथ और दुनिया के लिए आगे बढ़ते हैं।”

भारत लोकतंत्र की जननी, विविधता इसकी ताकत: पीएम मोदी

प्रधानमंत्री ने भारत को “लोकतंत्र की जननी” बताते हुए देश की भाषाई विविधता, मीडिया के व्यापक विस्तार और सोशल मीडिया पर लोगों की बढ़ती भागीदारी का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि भारत में 100 से अधिक भाषाएं, लगभग 80,000 पंजीकृत समाचार पत्र और प्रकाशन तथा 1,000 से अधिक सैटेलाइट टेलीविजन चैनल हैं।

उनके मुताबिक, देश में 50 करोड़ से अधिक यूट्यूब उपयोगकर्ता और 50 करोड़ से अधिक इंस्टाग्राम उपयोगकर्ता हैं। प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत में लोग अलग-अलग मुद्दों पर खुलकर बहस करते हैं और विभिन्न विचारों को सामने रखते हैं। इस प्रक्रिया में डिजिटल तकनीक महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।

भारत में 2.5 लाख से अधिक स्टार्टअप

पीएम मोदी ने भारत के स्टार्टअप इकोसिस्टम में आए बदलावों का उल्लेख करते हुए कहा कि 2014 से पहले देश में स्टार्टअप की संख्या कुछ सौ थी, जो अब बढ़कर 2.5 लाख से अधिक हो गई है। उन्होंने बताया कि लगभग आधे स्टार्टअप छोटे शहरों और कस्बों से आते हैं, जबकि 45 प्रतिशत स्टार्टअप में महिला निदेशक या भागीदार हैं। प्रधानमंत्री ने कहा कि इन बदलावों से नवाचार के अवसर अधिक लोगों तक पहुंच रहे हैं और विभिन्न क्षेत्रों तथा पृष्ठभूमियों से आने वाली प्रतिभाओं को आगे बढ़ने का मौका मिल रहा है।

डिजिटल भुगतान से छोटे कारोबारियों को भी लाभ

प्रधानमंत्री ने विदेशी प्रतिनिधियों को भारत के डिजिटल भुगतान तंत्र का अनुभव करने के लिए प्रोत्साहित किया। उन्होंने कहा कि एक रेहड़ी-पटरी विक्रेता और एक कार शोरूम संचालक के कारोबार का आकार भले ही अलग हो, लेकिन दोनों एक ही डिजिटल भुगतान मंच का उपयोग कर सकते हैं।

मोदी ने इसे समावेशी तकनीक का उदाहरण बताते हुए कहा कि जब समाज के अधिक लोगों को नवाचार के अवसर मिलते हैं, तो उसका प्रभाव कई गुना बढ़ जाता है। उन्होंने कहा कि किसी विचार को उत्पाद में बदलना और किसी समस्या का समाधान खोजना अपने आप में बड़ी क्षमता है। लेकिन जब इन अवसरों तक समाज के अधिक लोगों की पहुंच होती है, तो विकास का प्रभाव और व्यापक हो जाता है।

दूसरे देशों के साथ साझा कर रहा भारत डिजिटल तकनीक का अनुभव

पीएम मोदी ने कहा कि भारत अन्य देशों के साथ डिजिटल सार्वजनिक अवसंरचना (DPI) से जुड़ा अपना अनुभव साझा कर रहा है, ताकि वे अपनी जरूरतों के अनुरूप डिजिटल प्रणालियां विकसित कर सकें। कोविड-19 महामारी के दौरान विकसित कोविन (CoWIN) मंच का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि इसे ओपन-सोर्स प्रणाली के रूप में तैयार किया गया था।

प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत के प्रयासों का उद्देश्य अपनी क्षमताओं के माध्यम से दूसरे देशों के लिए भी नए अवसर पैदा करना है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि भारत की तकनीकी क्षमताएं मानवता को सशक्त बनाने में योगदान दें।

तकनीक से सरकारी सहायता सीधे लाभार्थियों तक

प्रधानमंत्री ने सरकारी योजनाओं के लाभ लोगों तक पहुंचाने में तकनीक की भूमिका पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि भारत ने ऐसा तंत्र विकसित किया है, जिसके माध्यम से सरकारी सहायता सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में भेजी जाती है। उनके मुताबिक, इस व्यवस्था ने भ्रष्टाचार कम करने, नागरिकों की सुविधा बढ़ाने और सरकार तथा जनता के बीच सीधा संपर्क स्थापित करने में मदद की है।

भारत में आयोजित हुआ आठवां ब्लूमबर्ग न्यू इकोनॉमी फोरम

आठवें ब्लूमबर्ग न्यू इकोनॉमी फोरम का आयोजन भारत में किया गया है। इस मंच पर सार्वजनिक और निजी क्षेत्रों के 500 से अधिक प्रभावशाली वैश्विक नेता हिस्सा ले रहे हैं। “ए वर्ल्ड इन प्ले: डिफाइनिंग द न्यू लीवर्स ऑफ पावर” विषय पर आयोजित इस फोरम में बदलती भू-राजनीतिक परिस्थितियों, मौजूदा अनिश्चितताओं से पैदा होने वाले जोखिमों और अवसरों तथा भविष्य की समृद्धि के लिए सहयोगात्मक रणनीतियों पर चर्चा की जा रही है।

© Copyright Galactic Television & Communications Pvt. Ltd. 2026. All rights reserved.