चंडीगढ़, लुधियाना: पंजाब में नशा-विरोधी कार्यकर्ता परविंदर सिंह झोटा की हत्या के विरोध में गुरुवार को बुलाए गए राज्यव्यापी बंद का असर अलग-अलग जिलों में देखने को मिला। कई शहरों में बाजार बंद रहे, बसों की आवाजाही प्रभावित हुई और किसानों समेत विभिन्न संगठनों ने सड़कों पर उतरकर प्रदर्शन किया। वहीं, लुधियाना के कुछ इलाकों में दुकानें खुली रहने से बंद का मिला-जुला असर नजर आया। प्रदर्शन के दौरान कुछ नेताओं को हिरासत में लिए जाने की भी खबर है।

परविंदर सिंह झोटा के परिवार और समर्थकों ने हत्या के मामले में न्याय की मांग को लेकर पंजाब बंद का आह्वान किया था। विभिन्न किसान संगठनों, व्यापारिक संगठनों और विपक्षी राजनीतिक दलों ने भी इस बंद को समर्थन दिया। बंद का निर्धारित समय सुबह 6 बजे से शाम 5 बजे तक रखा गया।

लुधियाना में मिला-जुला असर, लाडोवाल टोल प्लाजा पर प्रदर्शन

लुधियाना में बंद का असर एक जैसा नहीं रहा। शहर के कुछ बाजारों में दुकानें खुली दिखाई दीं, जबकि कुछ इलाकों में कारोबार प्रभावित रहा। दूसरी ओर, लाडोवाल टोल प्लाजा पर बंद के समर्थन में प्रदर्शन देखने को मिला। पंजाब बंद के दौरान टोल प्लाजा पर यातायात और टोल वसूली को लेकर भी गतिविधियां प्रभावित होने की खबर सामने आई। राज्य के दूसरे हिस्सों में भी बंद का असर अलग-अलग रहा। कई स्थानों पर बाजारों में सन्नाटा दिखाई दिया, जबकि कुछ जगहों पर सामान्य गतिविधियां जारी रहीं।