चंडीगढ़, पंजाब: पंजाब में विधानसभा चुनाव नजदीक आने के बीच प्रवर्तन निदेशालय (ED) की कार्रवाई को लेकर राज्य की सियासत गरमा गई है। ग्रेटर मोहाली एरिया डेवलपमेंट अथॉरिटी (GMADA) से जुड़े मामले में पंजाब और आसपास के कई इलाकों में ईडी की तलाशी और जांच के बीच पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा (Harpal Singh Cheema) ने केंद्र सरकार पर निशाना साधा है।
चीमा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर दावा किया कि चुनाव नजदीक आते ही पंजाब में ईडी की कार्रवाई तेज हो गई है और आम आदमी पार्टी (AAP) से जुड़े नेताओं, कार्यकर्ताओं तथा अधिकारियों के परिसरों पर कार्रवाई की जा रही है। उन्होंने इन कार्रवाइयों को केंद्रीय जांच एजेंसियों के कथित दुरुपयोग से जोड़ते हुए सवाल उठाए।
हरपाल चीमा ने ED की कार्रवाई पर क्या कहा?
हरपाल सिंह चीमा ने अपनी पोस्ट में आरोप लगाया कि पंजाब में चुनाव नजदीक आने के साथ ईडी की गतिविधियां बढ़ी हैं। उनके अनुसार, यह केवल छापेमारी का मामला नहीं है, बल्कि केंद्रीय जांच एजेंसियों के कथित इस्तेमाल को लेकर गंभीर सवाल भी उठते हैं।
चीमा ने यह भी कहा कि पंजाब ने दबाव के आगे कभी सिर नहीं झुकाया और आगे भी नहीं झुकेगा। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर भी निशाना साधते हुए ईडी की कार्रवाई को राजनीतिक दबाव से जोड़ने वाला आरोप लगाया। हालांकि, उनकी पोस्ट में किसी विशेष कार्रवाई को लेकर राजनीतिक दबाव का स्वतंत्र प्रमाण प्रस्तुत नहीं किया गया है।
#WATCH | Chandigarh | Punjab minister Harpal Singh Cheema says, "Whenever Assembly elections are held in a state, the BJP first sends a flying squad there... They manipulate the voter rolls to delete the votes of the Opposition party's supporters. Subsequently, the CBI, the ED,… pic.twitter.com/ezDRdGhyGO
— ANI (@ANI) September 24, 2026
GMADA मामले में कई जगह ED की कार्रवाई
यह पूरा विवाद GMADA से जुड़े एक मामले में ईडी की कार्रवाई के बाद तेज हुआ है। जागरण की रिपोर्ट के अनुसार, एजेंसी ने दिल्ली, मोहाली, चंडीगढ़, पंचकूला और लुधियाना में कई ठिकानों पर तलाशी और सर्वे की कार्रवाई शुरू की है। रिपोर्ट के मुताबिक, यह कार्रवाई धनशोधन निवारण अधिनियम (PMLA), 2002 के तहत की जा रही है। जांच के दायरे में रियल एस्टेट से जुड़ी कंपनियों के प्रमोटर और निदेशक समेत उनसे जुड़े लोगों के परिसरों तथा कुछ सरकारी कार्यालयों को भी शामिल किया गया है। ED की कार्रवाई का पंजाब में कई जगहों पर विरोध प्रदर्शन हो रहा है।
ਪੰਜਾਬ ਰਹੇਗਾ ਜ਼ਿੰਦਾਬਾਦ, ਨਰੇਂਦਰ ਮੋਦੀ ਮੁਰਦਾਬਾਦ!👉🏻 PM ਮੋਦੀ ਅਤੇ ਭਾਜਪਾ ਦੀ ਪੰਜਾਬ ਨਾਲ਼ ਨਫ਼ਰਤ ਵਿਰੁੱਧ ਡਟ ਖੜ੍ਹਾ ਹੋਇਆ ਪੰਜਾਬ👉🏻 ਮੋਹਾਲੀ GMADA ਭਵਨ ਦੇ ਬਾਹਰ ਲੱਗ ਰਹੇ 'ਮੋਦੀ ਮੁਰਦਾਬਾਦ' ਦੇ ਨਾਅਰੇ👉🏻 ਪੰਜਾਬ ਦੀਆਂ ਬਹਾਦਰ ਔਰਤਾਂ ਨੇ ਵੀ ਖੋਲ੍ਹਿਆ ED ਦੀ ਦੁਰਵਰਤੋਂ ਵਿਰੁੱਧ ਮੋਰਚਾ pic.twitter.com/2lDsyRmRyM
— AAP Punjab (@AAPPunjab) September 24, 2026
किस मामले की जांच कर रही है ED?
मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, GMADA से जुड़े दस्तावेजों और कुछ वित्तीय गतिविधियों की जांच ईडी की कार्रवाई का हिस्सा है। द ट्रिब्यून की रिपोर्ट के मुताबिक, मोहाली स्थित GMADA कार्यालय में भूमि उपयोग में बदलाव, भूमि अधिग्रहण से जुड़े दस्तावेजों और अन्य रिकॉर्ड की जांच की जा रही थी। रिपोर्ट में यह भी बताया गया कि हाल में 15,000 करोड़ रुपये का कर्ज जुटाने की प्रक्रिया से संबंधित रिकॉर्ड भी जांच के दायरे में बताए गए हैं। हालांकि, किसी जांच में तलाशी या सर्वे की कार्रवाई अपने आप में आरोपों के अंतिम रूप से साबित होने का अर्थ नहीं है। जांच पूरी होने के बाद एजेंसी की ओर से सामने आने वाले दस्तावेज और निष्कर्ष ही मामले की आगे की स्थिति स्पष्ट करेंगे।
AAP ने कार्रवाई को राजनीतिक दबाव से जोड़ा
आम आदमी पार्टी के नेताओं ने ईडी की कार्रवाई के समय और तरीके पर सवाल उठाए हैं। पार्टी का आरोप है कि पंजाब में विधानसभा चुनाव नजदीक होने के कारण केंद्रीय एजेंसियों के जरिए राज्य सरकार और अधिकारियों पर दबाव बनाने की कोशिश की जा रही है।
जानकारी के मुताबिक, AAP ने GMADA कार्यालय में चल रही ईडी की कार्रवाई के विरोध में एजेंसी की टीमों का घेराव करने की घोषणा भी की है। पार्टी ने यह दावा किया कि लंबे समय तक चली कार्रवाई के बावजूद एजेंसी को अब तक कुछ ठोस नहीं मिला है। हालांकि, ईडी की जांच अभी समाप्त नहीं हुई थी और एजेंसी ने यह निष्कर्ष नहीं दिया था कि कोई आपत्तिजनक सामग्री बरामद नहीं हुई।
पंजाब की सियासी ज़मीन पर ‘ज़ीरो’ हो चुके हैं BJP और अकाली दल (बादल)!👉 बेअदबी, गोलीकांड, नशे और अब बलात्कार तक, सबसे कलंकित इतिहास अकाली दल का रहा है।👉 ED की छापेमारियों में कोई बरामदगी नहीं हुई, यह BJP की डर पैदा करने की साज़िश है।👉 सत्ता के अहंकार में अंधी हुई बीजेपी को… pic.twitter.com/yxONg0mwFp
— AAP (@AamAadmiParty) September 24, 2026
ईडी की कार्रवाई पर आगे क्या?
GMADA मामले में ईडी की जांच जारी रहने के कारण आगे की तस्वीर एजेंसी की कार्रवाई और जांच के निष्कर्षों पर निर्भर करेगी। तलाशी के दौरान मिले दस्तावेज, डिजिटल रिकॉर्ड या अन्य सामग्री की जांच के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि मामले में आगे किन लोगों या संस्थाओं के खिलाफ कार्रवाई होती है। इस बीच, पंजाब में ईडी की कार्रवाई को लेकर आम आदमी पार्टी और केंद्र के बीच राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप तेज हो गए हैं। एक तरफ AAP इसे चुनाव से पहले राजनीतिक दबाव का मामला बता रही है, जबकि ईडी की कार्रवाई आधिकारिक तौर पर संबंधित धनशोधन जांच के तहत की जा रही है।
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