कन्नड़ सिनेमा के दिग्गज अनंत नाग को दादासाहेब फाल्के पुरस्कार, 22 सितंबर को होगा सम्मान
दिग्गज अभिनेता अनंत नाग को भारतीय सिनेमा में लंबे योगदान के लिए दादासाहेब फाल्के पुरस्कार से सम्मानित किया जाएगा। यह पुरस्कार 22 सितंबर 2026 को 72वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार समारोह में प्रदान होगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अभिनेता को बधाई दी है।
नई दिल्ली: दिग्गज अभिनेता अनंत नाग को भारतीय सिनेमा में उनके लंबे योगदान के लिए दादासाहेब फाल्के पुरस्कार से सम्मानित किया जाएगा। इसकी घोषणा बुधवार को प्रेस सूचना ब्यूरो (PIB) की ओर से की गई। अनंत नाग को खास तौर पर कन्नड़ सिनेमा में उनके लंबे और उल्लेखनीय योगदान के लिए यह सम्मान दिया जा रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी अभिनेता को पुरस्कार मिलने पर बधाई दी।
अनंत नाग को यह प्रतिष्ठित सम्मान 22 सितंबर 2026 को गुजरात के एकता नगर, केवड़िया में आयोजित 72वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार समारोह में प्रदान किया जाएगा। इसी समारोह में 72वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार भी दिए जाएंगे। प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया मंच X पर अनंत नाग को बधाई देते हुए उनके अभिनय की सराहना की। उन्होंने कहा कि कई दशकों से अनंत नाग ने अपने सहज अभिनय, विविध भूमिकाओं और शानदार प्रतिभा से भारतीय सिनेमा, खासकर कन्नड़ सिनेमा पर मजबूत छाप छोड़ी है।
300 से ज्यादा फिल्मों में किया काम
4 सितंबर 1948 को अनंत नागरकट्टे के रूप में जन्मे अनंत नाग कन्नड़ सिनेमा के प्रमुख कलाकारों में शामिल हैं। उन्होंने अपने लंबे करियर में 300 से अधिक फिल्मों में काम किया है, जिनमें 250 से ज्यादा कन्नड़ फिल्में शामिल हैं। उन्होंने कन्नड़ के अलावा हिंदी, तेलुगु, तमिल, मराठी, मलयालम और अंग्रेजी फिल्मों में भी अभिनय किया है।
‘मालगुडी डेज’ से टेलीविजन पर भी पहचान
फिल्मों के साथ-साथ अनंत नाग ने टेलीविजन पर भी काम किया। वह लोकप्रिय दूरदर्शन धारावाहिक ‘मालगुडी डेज’ का हिस्सा रहे, जो लेखक आर.के. नारायण की रचनाओं पर आधारित था। अपने करियर के दौरान अनंत नाग को पांच कर्नाटक राज्य फिल्म पुरस्कार मिल चुके हैं। वर्ष 2025 में उन्हें देश के तीसरे सर्वोच्च नागरिक सम्मान पद्म भूषण से भी सम्मानित किया गया था।
भारतीय सिनेमा का सर्वोच्च सम्मान
दादासाहेब फाल्के पुरस्कार भारतीय सिनेमा में योगदान के लिए भारत सरकार द्वारा दिया जाने वाला सर्वोच्च सम्मान है। यह पुरस्कार राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार समारोह के तहत प्रदान किया जाता है। अनंत नाग को यह सम्मान मिलने के साथ ही भारतीय और विशेष रूप से कन्नड़ सिनेमा में उनके कई दशकों के योगदान को राष्ट्रीय स्तर पर मान्यता मिली है।