श्री अकाल तख्त के फैसले पर सीएम भगवंत मान का जवाब, बोले, 'मुझे बदनाम करने की साजिश'
चंडीगढ़, पंजाब: पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने उनके खिलाफ जारी किए गए अकाल तख्त साहिब के आदेशों पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा है कि वायरल वीडियो में दिखाई देने वाला व्यक्ति वह नहीं हैं और उन्हें बदनाम करने के लिए एक सुनियोजित साजिश रची जा रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि जब उन्हें पहले श्री अकाल तख्त साहिब में पेश होने के लिए बुलाया गया था, तब भी उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा था कि वीडियो में नजर आने वाला व्यक्ति वह नहीं हैं। उन्होंने कहा कि वीडियो में दिखाई देने वाले शख्स का कद-काठी और शारीरिक बनावट उनसे मेल नहीं खाती।
भगवंत मान ने कहा, "मैंने पहले भी स्पष्ट किया था और आज भी दोहराता हूँ कि उस वीडियो से मेरा कोई संबंध नहीं है। वीडियो में दिख रहा व्यक्ति मैं नहीं हूँ। इसे मेरे खिलाफ झूठा प्रचार करने और मेरी छवि खराब करने के लिए इस्तेमाल किया जा रहा है।"
कुछ राजनीतिक ताकते बदनाम कर रही हैं- भगवंत मान
मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि कुछ राजनीतिक ताकतें उन्हें बदनाम करने के लिए इस मुद्दे को हवा दे रही हैं। उन्होंने इसे विरोधियों की कोई साजिश करार देते हुए कहा कि पंजाब के हित में लिए जा रहे फैसलों से परेशान लोग ऐसे हथकंडे अपना रहे हैं। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार ने कई महत्वपूर्ण फैसले लिए हैं, जिनमें पंजाब के जल संसाधनों की रक्षा, किसानों के हितों की सुरक्षा और युवाओं के भविष्य को मजबूत बनाने के प्रयास शामिल हैं। इसी कारण कुछ लोग राजनीतिक लाभ के लिए झूठे आरोप लगा रहे हैं।
संबंधित वीडियो AI तकनीक से बनाया गया- भगवंत मान
अकाल तख्त साहिब द्वारा जारी आदेशों का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले लोग सरकार से कानून बनाने की मांग करते थे, लेकिन अब जब कानून बना दिया गया है तो कुछ लोग उसे स्वीकार करने को तैयार नहीं हैं। भगवंत मान ने यह भी स्पष्ट किया कि संबंधित वीडियो न तो उनका है और न ही वह कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) तकनीक से तैयार किया गया कोई वीडियो है। उन्होंने कहा कि तथ्यों को तोड़-मरोड़कर पेश किया जा रहा है।
श्री अकाल तख्त साहिब सर्वोच्च धार्मिक संस्था है- भगवंत मान
मुख्यमंत्री ने कहा कि श्री अकाल तख्त साहिब उनके लिए सर्वोच्च धार्मिक संस्था है और वह हमेशा इसके प्रति सम्मान और श्रद्धा रखते हैं। उन्होंने कहा कि कोई भी सिख अकाल तख्त साहिब से टकराने के बारे में सोच भी नहीं सकता। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि अकाल तख्त साहिब में होने वाली राजनीतिक नियुक्तियों और फैसलों के बारे में संगत अच्छी तरह से जानती है और जनता सब कुछ देख रही है।
अपने बयान के अंत में मुख्यमंत्री भगवंत मान ने दोहराया कि वायरल वीडियो पूरी तरह से झूठा और भ्रामक है। उन्होंने कहा कि वह दिन-रात पंजाब की सेवा में जुटे हुए हैं और इस तरह की साजिशें उनके मनोबल को कमजोर नहीं कर सकतीं।