एशियन गेम्स 2026: दीपिका सेहरावत के 8 गोल से भारत की धमाकेदार शुरुआत, उज्बेकिस्तान को 19-0 से रौंदा
एशियन गेम्स 2026 में भारतीय महिला हॉकी टीम ने उज्बेकिस्तान को 19-0 से हराकर शानदार शुरुआत की। दीपिका सेहरावत ने अकेले आठ गोल दागकर इतिहास रचा। उनके पिता जगदीश सेहरावत ने पूरे टीम प्रदर्शन को जीत का श्रेय दिया।
रोहतक, हरियाणा: एशियन गेम्स 2026 में भारतीय महिला हॉकी टीम ने अपने अभियान की शानदार शुरुआत करते हुए उज्बेकिस्तान को 19-0 से हराया। इस बड़ी जीत की सबसे बड़ी स्टार दीपिका सेहरावत रहीं, जिन्होंने अकेले 8 गोल दागकर एशियन गेम्स के महिला वर्ग में एक मैच में सर्वाधिक गोल करने का रिकॉर्ड बनाया। दीपिका ने मुकाबले के 8वें, 22वें, 25वें, 33वें, 36वें, 38वें, 41वें और 54वें मिनट में गोल किए। उनके 8 गोल में से 5 पेनल्टी कॉर्नर के जरिए आए। इस प्रदर्शन के साथ उन्होंने भारत के आक्रमण की अगुवाई की और टीम को बड़ी जीत दिलाने में अहम भूमिका निभाई।
दीपिका के इस शानदार प्रदर्शन के बाद उनके परिवार में खुशी का माहौल है। रोहतक में उनके पिता जगदीश सेहरावत ने मीडिया से बातचीत में कहा कि दीपिका की व्यक्तिगत उपलब्धि निश्चित रूप से गर्व का विषय है, लेकिन इस जीत का श्रेय पूरी टीम को जाता है। उन्होंने कहा कि हॉकी टीम के सभी खिलाड़ियों के बीच गेंद-दर-गेंद तालमेल ने इस शानदार प्रदर्शन को संभव बनाया। उन्होंने उम्मीद जताई कि इस जीत से टीम की खिलाड़ियों का आत्मविश्वास और बढ़ेगा। जगदीश सेहरावत ने कहा कि देश की नजरें अब आगे के मुकाबलों पर हैं और परिवार की शुभकामनाएं पूरी टीम के साथ हैं।
‘गोल्ड के लिए 100 प्रतिशत दावेदारी’
दीपिका के पिता ने भारतीय टीम के स्वर्ण पदक जीतने की उम्मीद भी जताई। हालांकि, उन्होंने माना कि आगे कड़ी चुनौती होगी और मुकाबलों में परिस्थितियां तथा खिलाड़ियों का उस दिन का प्रदर्शन महत्वपूर्ण रहेगा। उन्होंने कहा कि भारत पूरी तरह स्वर्ण पदक की दौड़ में है और टीम का लक्ष्य गोल्ड मेडल जीतना ही रहेगा। उन्होंने दीपिका के 8 गोल को उनकी उपलब्धियों में एक महत्वपूर्ण इजाफा बताया और कहा कि माता-पिता के लिए यह गर्व का बड़ा पल है।
भाई ने भी टीम के प्रदर्शन को दिया श्रेय
दीपिका के भाई प्रवेश सेहरावत ने भी उनके रिकॉर्ड पर खुशी जताई। हालांकि, उन्होंने कहा कि हॉकी एक टीम गेम है और सिर्फ व्यक्तिगत रिकॉर्ड के बजाय पूरी टीम के प्रदर्शन को महत्व दिया जाना चाहिए। प्रवेश के मुताबिक, टीम का सामूहिक प्रदर्शन शानदार रहा और सभी खिलाड़ियों ने जीत में योगदान दिया।
भारत ने पहले क्वार्टर से ही बनाया दबाव
उज्बेकिस्तान के खिलाफ भारत ने शुरुआत से ही आक्रामक खेल दिखाया। छठे मिनट में ललरेमसियामी ने भारत का खाता खोला। इसके बाद दीपिका ने दाईं ओर से शानदार स्ट्राइक कर बढ़त 2-0 कर दी। इशिका ने सुनेलिता के बेहतरीन पास पर फर्स्ट-टाइम शॉट लगाकर तीसरा गोल किया। इसके बाद रिबाउंड पर बालजीत ने गोल दागा और पहले क्वार्टर के अंत तक भारत 4-0 से आगे हो गया। दूसरे क्वार्टर में नेहा ने रिवर्स हिट से गोल किया। इसके बाद दीपिका ने पेनल्टी कॉर्नर को गोल में बदलकर अपना दूसरा गोल किया। रुतुजा ने रिबाउंड पर गोल किया और दीपिका ने एक और पेनल्टी कॉर्नर को गोल में बदलकर अपनी हैट्रिक पूरी की। हाफ टाइम तक भारत 8-0 से आगे था।
तीसरे क्वार्टर में दीपिका ने बरपाया कहर
तीसरे क्वार्टर में भारतीय टीम का आक्रमण और तेज हो गया। दीपिका ने इस दौरान चार और गोल किए और सभी गोल पेनल्टी कॉर्नर से आए। इससे मैच में उनके गोलों की संख्या सात हो गई। इशिका, साक्षी राणा और ललथांतलुआंगी ने भी गोल किए और तीसरे क्वार्टर के अंत तक भारत ने 15-0 की विशाल बढ़त बना ली। अंतिम क्वार्टर में नवनीत कौर सहित अन्य खिलाड़ियों ने भी गोल किए। दीपिका ने अपना आठवां गोल पूरा किया और भारत ने मुकाबला 19-0 से अपने नाम किया।
दीपिका के 8, इशिका के 3 गोल
भारत की ओर से दीपिका सेहरावत ने 8 गोल किए, जबकि इशिका ने 3 गोल दागे। नेहा और ललथांतलुआंगी ने 2-2 गोल किए। ललरेमसियामी, बालजीत, साक्षी राणा और नवनीत कौर ने एक-एक गोल किया। इस जीत के साथ भारतीय महिला हॉकी टीम ने एशियन गेम्स 2026 के अभियान की जोरदार शुरुआत की। टीम के आक्रमण और पेनल्टी कॉर्नर पर पकड़ इस मुकाबले में खास तौर पर देखने को मिली।