कॉमनवेल्थ गेम्स में हरियाणा का दम, 7 बॉक्सर फाइनल में; CM सैनी ने बढ़ाया हौसला
कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में हरियाणा का दम दिखने वाला है। भारत के 10 मुक्केबाज़ फाइनल में उतरेंगे, जिनमें 7 खिलाड़ी हरियाणा के हैं। CM नायब सिंह सैनी ने सभी खिलाड़ियों को शुभकामनाएं दी हैं। इससे पहले नीरज चोपड़ा ने जेवलिन थ्रो में सिल्वर मेडल जीतकर देश का मान बढ़ाया।
हरियाणा: कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में हरियाणा के खिलाड़ियों का शानदार प्रदर्शन लगातार जारी है। जेवलिन थ्रो में नीरज चोपड़ा के सिल्वर मेडल जीतने के बाद अब हरियाणा के सात मुक्केबाज़ अलग-अलग वेट कैटेगरी के फाइनल मुकाबलों में उतरकर देश के लिए पदक जीतने की कोशिश करेंगे।
कॉमनवेल्थ गेम्स में आज भारत के कुल 10 मुक्केबाज़ फाइनल मुकाबलों में अपनी चुनौती पेश करेंगे। इनमें 7 मुक्केबाज़ हरियाणा के हैं। ऐसे में पूरे देश की नजरें इन खिलाड़ियों के प्रदर्शन पर टिकी हैं। फाइनल में उतरने वाले हरियाणा के खिलाड़ियों में सचिन सिवाच (60 किग्रा), अंकुश पंघाल (80 किग्रा), नरेंद्र बेरवाल ( 90 किग्रा), साक्षी चौधरी (51 किग्रा), प्रीति पंवार (54 किग्रा), जैस्मिन लांबोरिया (57 किग्रा) और प्रिया घनघस (60 किग्रा) शामिल हैं।
मुख्यमंत्री सैनी ने खिलाड़ियों को दी शुभकामनाएँ
हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने सभी खिलाड़ियों को इस ऐतिहासिक उपलब्धि के लिए शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने खिलाड़ियों का हौसला बढ़ाते हुए कहा कि सभी खिलाड़ी अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करें और देश की पदक तालिका को और ऊपर ले जाएं।
अब बॉक्सिंग रिंग में 7 खिलाड़ियों पर रहेगी नज़र
मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा के खिलाड़ियों ने हमेशा अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश का मान बढ़ाया है। फाइनल में पहुंचे इन सात मुक्केबाज़ों से भी शानदार प्रदर्शन और पदक की उम्मीद की जा रही है। इससे पहले हरियाणा के स्टार जैवलिन थ्रोअर नीरज चोपड़ा ने कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में शानदार प्रदर्शन करते हुए रजत पदक जीता। नीरज ने जेवलिन थ्रो में 85.83 मीटर का सर्वश्रेष्ठ थ्रो किया। उनकी उपलब्धि पर भी मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने बधाई देते हुए कहा कि नीरज ने एक बार फिर अपने शानदार खेल से पूरी दुनिया में हरियाणा का नाम रोशन किया है।
अब बॉक्सिंग रिंग में हरियाणा के सात खिलाड़ियों पर नजर होगी। अगर ये खिलाड़ी अपने-अपने फाइनल मुकाबले जीतने में कामयाब होते हैं, तो भारत की पदक तालिका को बड़ी मजबूती मिल सकती है। हरियाणा एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय मंच पर अपनी खेल प्रतिभा का दम दिखाने के लिए तैयार है।