AIADMK को बड़ा झटका, विधायक सी. विजयभास्कर ने दिया इस्तीफा
चेन्नई, तमिलनाडु: तमिलनाडु की प्रमुख विपक्षी पार्टी AIADMK को एक और बड़ा झटका लगा है। पार्टी के वरिष्ठ नेता, पूर्व स्वास्थ्य मंत्री और वायरलिमलाई से विधायक सी. विजयभास्कर ने मंगलवार को अपनी विधानसभा सदस्यता से इस्तीफा दे दिया। सी. विजयभास्कर ने अपना इस्तीफा पत्र व्यक्तिगत रूप से तमिलनाडु विधानसभा अध्यक्ष जेसीडी प्रभाकर को चेन्नई स्थित सचिवालय में सौंपा। विधानसभा नियम 21 के तहत विधायक द्वारा स्वयं इस्तीफा सौंपना आवश्यक होता है।
विधानसभा अध्यक्ष ने बताया कि इस्तीफे की जांच की गई और यह विधानसभा नियम 22 के अनुरूप पाया गया। इसके बाद उनका इस्तीफा औपचारिक रूप से स्वीकार कर लिया गया। इस्तीफा स्वीकार होने के साथ ही वायरलिमलाई विधानसभा सीट तत्काल प्रभाव से रिक्त घोषित कर दी गई है। हालांकि, विजयभास्कर ने अपने इस्तीफे के पीछे की वजह सार्वजनिक रूप से नहीं बताई है।
AIADMK के 300 पदाधिकारी थाम चुके हैं TVK का दामन
गौरतलब है कि हाल के दिनों में AIADMK को लगातार राजनीतिक झटके लग रहे हैं। पिछले सप्ताह ही पार्टी के 300 से अधिक पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने तमिलगा वेत्री कड़गम (TVK) का दामन थाम लिया था। TVK में शामिल होने वालों में पूर्व मंत्री वेल्लामंडी नटराजन, कमलकन्नन, पूर्व विधायक नटराज, पूर्व मंत्री आनंदन, पूर्व विधायक साधन प्रभाकर और डीटी कुमार जैसे कई प्रमुख नेता शामिल थे।
दिवंगत जयललिता के निधन के बाद से पार्टी मुश्किल में है
इस अवसर पर तमिलगा वेत्री कड़गम के महासचिव और ग्रामीण विकास मंत्री एन. आनंद, राजस्व एवं आपदा प्रबंधन मंत्री सेंगोट्टैयन तथा लोक निर्माण मंत्री आधव अर्जुन भी मौजूद रहे। पूर्व मंत्री और AIADMK के वरिष्ठ नेता उदुमलाई राधाकृष्णन ने भी पार्टी छोड़ने के फैसले का समर्थन करते हुए कहा कि दिवंगत मुख्यमंत्री जे. जयललिता के निधन के बाद पार्टी को बड़ा नुकसान हुआ। उन्होंने कहा कि पिछले कुछ वर्षों में पार्टी के भीतर रहकर जनता की सेवा करना मुश्किल हो गया था।
सीएम वियज में एमजी रामचंद्रन की झलक दिखती है- राधाकृष्णन
राधाकृष्णन ने दावा किया कि मुख्यमंत्री जोसेफ विजय के नेतृत्व में उन्हें एमजी रामचंद्रन और जयललिता की विचारधारा की झलक दिखाई देती है। उन्होंने कहा कि TVK में मिले सम्मान और पहचान ने कई नेताओं को पार्टी में शामिल होने के लिए प्रेरित किया है। सी. विजयभास्कर के इस्तीफे और लगातार हो रहे दलबदल को तमिलनाडु की राजनीति में बदलते समीकरणों के रूप में देखा जा रहा है। आने वाले दिनों में यह देखना दिलचस्प होगा कि AIADMK इस चुनौती से कैसे निपटती है।