पीएम मोदी ने ट्यूलिप और कमल का जिक्र कर भारत-नीदरलैंड संबंधों को बताया मजबूत
द हेग, नीदरलैंड: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को भारत और नीदरलैंड के बीच मजबूत जनसंपर्क संबंधों की सराहना की। उन्होंने भारतीय समुदाय के कार्यक्रम में मिले “प्यार और उत्साह” का जिक्र करते हुए कहा कि ऐसा लग रहा है जैसे द हेग “भारतीय मित्रता का जीवंत प्रतीक” बन गया हो।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नीदरलैंड में ट्यूलिप और भारत में कमल की लोकप्रियता का उल्लेख किया। उन्होंने कहा, “नीदरलैंड ट्यूलिप के लिए जाना जाता है, जैसे भारत कमल के लिए प्रसिद्ध है। ट्यूलिप और कमल दोनों हमें सिखाते हैं कि चाहे जड़ें पानी में हों या मिट्टी में, व्यक्ति सुंदरता और शक्ति दोनों हासिल कर सकता है।”
'द हेग' भारतीय मित्रता का जीवंत प्रतीक बन गया
प्रधानमंत्री मोदी ने आगे कहा, “इतना प्यार और उत्साह देखकर मैं कुछ पल के लिए भूल गया कि मैं नीदरलैंड में हूं। ऐसा लगा जैसे भारत में किसी उत्सव में शामिल हूं। ऐसा प्रतीत होता है कि द हेग भारतीय मित्रता का जीवंत प्रतीक बन गया है।”
यह दशक चुनौतियों से भरा हुआ है- प्रधानमंत्री मोदी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पश्चिम एशिया संकट से पैदा हुए ऊर्जा संकट का जिक्र करते हुए कहा कि यह दशक चुनौतियों से भरा हुआ है और यदि हालात जल्दी नहीं बदले तो पिछले कई दशकों की उपलब्धियां खत्म हो सकती हैं। उन्होंने कहा, “दुनिया आज मजबूत सप्लाई चेन की जरूरत पर बात कर रही है। ऐसे समय में भारत और नीदरलैंड भविष्य के लिए तैयार सप्लाई चेन स्थापित करने की दिशा में प्रयास कर रहे हैं।”
"भारत दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा स्टार्टअप इकोसिस्टम है"
प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत इस समय अभूतपूर्व परिवर्तन के दौर से गुजर रहा है। उन्होंने कहा, “आज भारत बड़े सपने देख रहा है। भारत के युवा AI और सेमीकंडक्टर जैसे क्षेत्रों में देश को आगे बढ़ाने का सपना रखते हैं। भारत दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा स्टार्टअप इकोसिस्टम है। देश दुनिया की सबसे बड़ी सरकारी स्वास्थ्य बीमा योजना चला रहा है।”
भारत-नीदरलैंड कई क्षेत्रों में मिलकर काम कर रहे हैं
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि भारत और नीदरलैंड ऊर्जा सुरक्षा और जल सुरक्षा सहित कई क्षेत्रों में मिलकर काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा, “भारत और यूरोपीय संघ के बीच मुक्त व्यापार समझौता (FTA) भारत-नीदरलैंड साझेदारी को और मजबूत करेगा। नीदरलैंड यूरोप में भारतीय कारोबारों के लिए प्राकृतिक प्रवेश द्वार बनेगा और भारतीय समुदाय इस यात्रा में भरोसेमंद पुल की भूमिका निभाएगा।”
भारत में अधिक से अधिक योगदान देने की अपील
प्रधानमंत्री ने भारतीय प्रवासियों से भारत में अधिक निवेश करने की अपील भी की। उन्होंने कहा, “मैं नीदरलैंड में रहने वाले भारतीय समुदाय से आग्रह करता हूं कि वे भारत में अधिक से अधिक योगदान दें। इससे देश की क्षमता बढ़ेगी और आपके निवेश पर बेहतर रिटर्न भी मिलेगा। यह मोदी की गारंटी है।”
भारत के मित्रों ने पीएम मोदी का गर्मजोशी से किया स्वागत
नीदरलैंड पहुंचने पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का भारतीय समुदाय और भारत के मित्रों ने गर्मजोशी से स्वागत किया। उन्होंने डच समाज में भारतीय समुदाय के योगदान की सराहना करते हुए कहा कि भारतीय प्रवासी भारत और नीदरलैंड के बीच मित्रता का जीवंत पुल हैं।
भारत से ऐतिहासिक संबंधों को भी याद किया
प्रधानमंत्री ने सूरीनामी-हिंदुस्तानी समुदाय के भारत से ऐतिहासिक संबंधों को भी याद किया और उनकी सांस्कृतिक विरासत को संजोकर रखने के प्रयासों की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि तकनीकी क्षेत्र में भारतीय पेशेवरों और डच विश्वविद्यालयों में पढ़ रहे भारतीय छात्रों की बढ़ती संख्या दोनों देशों की आधुनिक साझेदारी को नई मजबूती दे रही है।
क्रिकेट, हॉकी जैसे खेलों से आपसी रिश्ते मज़बूत होते हैं
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने क्रिकेट और हॉकी जैसे खेलों को भी दोनों देशों के लोगों के बीच संबंध मजबूत करने वाला माध्यम बताया। उन्होंने कहा कि भारत और नीदरलैंड के बीच तकनीक, नवाचार, व्यापार और निवेश के क्षेत्र में सहयोग लगातार बढ़ रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि भारत-ईयू मुक्त व्यापार समझौता दोनों पक्षों के लिए नए अवसर खोलेगा।
OCI पात्रता में चौथी से छठी पीढ़ी तक विस्तार का उल्लेख
प्रधानमंत्री ने विदेशों में रहने वाले भारतीयों को भरोसा दिलाया कि भारत सरकार हमेशा उनके साथ खड़ी है और उनके कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है। नीदरलैंड में मुख्यभूमि यूरोप में भारतीय मूल के लोगों की सबसे बड़ी आबादी रहती है, जिसमें करीब दो लाख सूरीनामी-हिंदुस्तानी समुदाय के सदस्य शामिल हैं। प्रधानमंत्री ने OCI पात्रता में चौथी पीढ़ी से छठी पीढ़ी तक विस्तार का भी उल्लेख किया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने पांच देशों के दौरे के दूसरे चरण में नीदरलैंड पहुंचे हैं। इससे पहले वह यूएई के दौरे पर थे।