लंदन, ब्रिटेन: ब्रिटेन की राजनीति में एक बड़े घटनाक्रम के तहत प्रधानमंत्री कीर स्टारमर ने अपने पद से इस्तीफा देने की घोषणा कर दी है। लेबर पार्टी के भीतर बढ़ते दबाव और नेतृत्व को लेकर उठ रहे सवालों के बीच उन्होंने यह फैसला लिया।
अपने संबोधन में कीर स्टारमर ने कहा, “इस समय सबसे बड़ा सवाल यह पूछा जा रहा है कि लेबर पार्टी को आगे ले जाने के लिए सबसे उपयुक्त व्यक्ति कौन है। पार्टी यह भी पूछ रही है कि क्या मैं अगले आम चुनाव में पार्टी का नेतृत्व करने के लिए सही व्यक्ति हूं। मैंने अपने सहयोगियों की राय सुनी है और उसे स्वीकार करता हूं। मैंने हमेशा देश को प्राथमिकता दी है, इसलिए मैं लेबर पार्टी के नेता पद से इस्तीफा दे रहा हूं।”
Keir Starmer:I will ask the National Executive Committee of the Labour Party to set out a timetable with nominations opening on the 9th of July and completed by the summer recess.In the case of a contest, this will ensure a new leader is in place before Parliament returns in… pic.twitter.com/kq1qnVf8Rt
— Clash Report (@clashreport) June 22, 2026
ब्रिटेन के सम्राट राजा चार्ल्स तृतीय को दी फैसले की जानकारी
प्रधानमंत्री कीर स्टारमर ने बताया कि उन्होंने अपने फैसले की जानकारी ब्रिटेन के सम्राट राजा चार्ल्स तृतीय को दे दी है। साथ ही लेबर पार्टी की राष्ट्रीय कार्यकारिणी समिति (NEC) से नए नेता के चयन की प्रक्रिया शुरू करने का अनुरोध किया है ताकि सितंबर में संसद के अगले सत्र से पहले नया नेता चुना जा सके।
भावुक दिखे स्टारमर
भावुक होते हुए स्टारमर ने अपनी पत्नी विक्टोरिया स्टारमर का धन्यवाद किया और कहा, “जब मैं देश की सबसे बड़ी जिम्मेदारी छोड़ूंगा, तब मैं अपनी पत्नी विक के लिए बेहतर पति और अपने बच्चों के लिए बेहतर पिता बनने पर अधिक समय दूंगा।” लेबर पार्टी ने नेतृत्व चुनाव का कार्यक्रम भी तय कर दिया है। उम्मीदवारों के नामांकन 9 जुलाई से शुरू होंगे और 16 जुलाई तक पूरे किए जाएंगे। यदि चुनाव की जरूरत पड़ी तो सितंबर में संसद के दोबारा शुरू होने से पहले नए नेता का चयन कर लिया जाएगा।
बढ़ रहा था पार्टी के भीतर दबाव
पिछले कुछ महीनों से स्टारमर पर राजनीतिक दबाव लगातार बढ़ रहा था। हालात तब और बिगड़ गए जब लेबर नेता एंडी बर्नहैम ने हालिया उपचुनाव में जीत दर्ज की और संभावित उत्तराधिकारी के रूप में उभरकर सामने आए। स्थानीय चुनावों में लेबर पार्टी के खराब प्रदर्शन और कुछ विवादित नियुक्तियों ने भी स्टारमर की स्थिति कमजोर कर दी थी।
कई मंत्रियों, सांसदों, सलाहकारों, दानदाताओं और ट्रेड यूनियन नेताओं से चर्चा के बाद स्टारमर इस निष्कर्ष पर पहुंचे कि उनके लिए पद पर बने रहना मुश्किल हो गया है। गौरतलब है कि 2024 के आम चुनाव में लेबर पार्टी ने भारी बहुमत के साथ सत्ता हासिल की थी, लेकिन दो साल के भीतर ही पार्टी नेतृत्व संकट में घिर गई। स्टारमर के इस्तीफे के बाद ब्रिटेन एक बार फिर राजनीतिक अनिश्चितता के दौर में प्रवेश कर गया है।
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