नई दिल्ली: आम आदमी पार्टी (AAP) के राष्ट्रीय संयोजक और दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने मंगलवार को राम मनोहर लोहिया (RML) अस्पताल पहुंचकर CJP के संसद मार्च के दौरान घायल हुए छात्र प्रदर्शनकारियों से मुलाकात की। यह मार्च कथित NEET-UG पेपर लीक के मुद्दे को लेकर किया गया था। 

केजरीवाल ने केंद्र सरकार पर प्रदर्शन कर रहे छात्रों के खिलाफ “बर्बर हमला” करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि इस कार्रवाई में कई छात्र घायल हुए हैं और कई पुलिसकर्मी भी घायल हुए हैं। केजरीवाल ने छात्रों और उनके अभिभावकों को आश्वस्त करते हुए कहा कि उन्हें चिंता करने की जरूरत नहीं है।

घायल छात्रों से मिलने RML अस्पताल पहुंचे केजरीवाल

अस्पताल के बाहर पत्रकारों से बातचीत में केजरीवाल ने कहा कि कई घायल छात्रों को RML अस्पताल लाया गया था। उन्होंने बताया कि अधिकांश छात्रों को अस्पताल से छुट्टी मिल चुकी है, जबकि एक छात्रा अभी भी भर्ती है।

उन्होंने कहा, “मोदी सरकार द्वारा निहत्थे बच्चों पर किए गए बर्बर हमले में कई बच्चे घायल हुए और कई पुलिसकर्मी भी घायल हुए। मैं आज यहां सभी घायल लोगों से मिलने आया था। हमें बताया गया कि एक लड़की को छोड़कर बाकी सभी को अस्पताल से छुट्टी मिल चुकी है।” केजरीवाल ने घायल छात्रा के परिवार से भी मुलाकात की और उसके जल्द स्वस्थ होने की कामना की।

FIR और हिरासत में लिए गए छात्रों की सूची की मांग

AAP नेता ने आरोप लगाया कि पुलिस ने कई छात्रों को अवैध रूप से हिरासत में लिया है। उन्होंने कहा कि पार्टी अब संसद मार्ग पुलिस थाने जाकर यह पता लगाएगी कि प्रदर्शन के संबंध में कितनी FIR दर्ज की गई हैं और कितने छात्रों को हिरासत में लिया गया है। केजरीवाल के साथ AAP सांसद संजय सिंह और दिल्ली विधानसभा में विपक्ष की नेता आतिशी समेत पार्टी के अन्य नेता भी मौजूद थे।

बाद में केजरीवाल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर बताया कि AAP नेता संसद पुलिस परिसर पहुंच गए हैं और पुलिस उपायुक्त (DCP) से मुलाकात का इंतजार कर रहे हैं। उन्होंने पुलिस से निम्न जानकारी सार्वजनिक करने की मांग की:

  • पिछले दिन के प्रदर्शन से संबंधित दर्ज सभी FIR की पूरी सूची
  • बिना FIR के गिरफ्तार किए गए छात्रों की सूची
  • हिरासत में लिए गए छात्रों को किस जेल में रखा गया है, इसकी जानकारी

राहुल गांधी ने भी उठाया छात्र प्रदर्शन का मुद्दा

इससे पहले लोकसभा में विपक्ष के नेता और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने भी छात्र प्रदर्शनकारियों पर कथित पुलिस कार्रवाई को लेकर सरकार पर निशाना साधा था। राहुल गांधी ने कहा कि छात्रों को अपने भविष्य से जुड़े जायज सवाल पूछने के लिए पीटा गया। उन्होंने संसद के मानसून सत्र में छात्रों के खिलाफ कथित कार्रवाई और NEET परीक्षा पेपर लीक संकट पर विस्तृत चर्चा की मांग की।

संसद के बाहर AAP सांसदों का प्रदर्शन

इस बीच, AAP सांसदों ने मंगलवार को NEET-UG पेपर लीक के मुद्दे को लेकर संसद के मकर द्वार के बाहर प्रदर्शन किया। विपक्षी दलों की ओर से सरकार की कार्रवाई को लेकर लगातार सवाल उठाए जा रहे हैं। यह घटनाक्रम CJP कार्यकर्ताओं के संसद मार्च के एक दिन बाद सामने आया है। दिल्ली पुलिस के अनुसार, प्रदर्शनकारियों द्वारा संसद की ओर मार्च की कोशिश के दौरान 118 से अधिक पुलिसकर्मी घायल हुए, जबकि 60 से अधिक प्रदर्शनकारियों के घायल होने की सूचना है।

CJP ने जेपी नड्डा के सामने रखी थीं तीन मांगें

इससे पहले CJP के प्रतिनिधियों ने केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा से मुलाकात कर तीन प्रमुख मांगें रखी थीं। इनमें केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा, NEET अभ्यर्थियों के परिवारों को 1 करोड़ रुपये का मुआवजा और सफदरजंग अस्पताल में भर्ती सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक की तत्काल रिहाई शामिल है। CJP का दावा है कि 20 से अधिक NEET अभ्यर्थियों की मौत हो चुकी है। वहीं, CJP कार्यकर्ता अभिजीत दीपके ने प्रदर्शन जारी रखने का ऐलान किया है और प्रदर्शनकारियों के खिलाफ पुलिस की कार्रवाई को लेकर गंभीर आरोप लगाए हैं।