चंडीगढ़, पंजाब: चंडीगढ़ प्रशासन ने अपने अधीन नियमित और आउटसोर्सिंग के जरिए कार्यरत करीब 20 हजार कर्मचारियों के लिए बड़ी राहत का ऐलान किया है। प्रशासन ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए नई डीसी (DC) रेट्स जारी कर दी हैं, जिनके तहत कर्मचारियों के वेतन में 6% से 10% तक की वृद्धि की गई है। नई दरें 1 अप्रैल 2026 से लागू हो चुकी हैं और 31 मार्च 2027 तक प्रभावी रहेंगी।

नई व्यवस्था के अनुसार मासिक वेतन पाने वाले कर्मचारियों को अब सरकारी छुट्टियों का भी पूरा वेतन मिलेगा। साथ ही, जो कर्मचारी लगातार पांच साल की सेवा पूरी कर चुके हैं, उन्हें मूल डीसी रेट पर अतिरिक्त 2% वेतन वृद्धि का लाभ दिया जाएगा। नई दरों के तहत सबसे कम वेतन पाने वाले "वॉच रूम ड्यूटी ऑपरेटर" का मासिक वेतन 18,058 रुपये और सबसे अधिक "साइकियाट्रिस्ट" का वेतन 86,703 रुपये निर्धारित किया गया है। कर्मचारियों की ड्यूटी अवधि 8 घंटे ही रहेगी।

नए आदेशों की प्रमुख बातें

  • 8 घंटे की शिफ्ट के आधार पर न्यूनतम वेतन दरें तय की गई हैं।
  • पार्ट-टाइम कर्मचारियों का वेतन भी इसी अनुपात में निर्धारित होगा।
  • मासिक वेतनभोगी कर्मचारियों को सरकारी छुट्टियों का पूरा वेतन मिलेगा।
  • चंडीगढ़ प्रशासन के सभी बोर्ड, निगम और सार्वजनिक उपक्रमों (PSUs) पर नई दरें लागू होंगी।
  • केंद्र, पंजाब और हरियाणा सरकार के चंडीगढ़ स्थित कार्यालय इन दरों को अपनाने या न अपनाने का स्वतंत्र निर्णय ले सकेंगे।

कुछ पदों पर फिलहाल कोई वेतन वृद्धि नहीं

प्रशासन ने 560 से अधिक श्रेणियों के कर्मचारियों की वेतन दरों में संशोधन किया है। 31 मार्च 2026 तक लगातार पांच वर्ष की सेवा पूरी करने वाले कर्मचारियों को मूल डीसी रेट पर 2% अतिरिक्त लाभ मिलेगा। यदि इस दौरान ठेकेदार या एजेंसी बदली भी हो, तो सेवा को निरंतर माना जाएगा।

हालांकि कुछ पदों पर फिलहाल कोई वेतन वृद्धि नहीं की गई है। इनमें असिस्टेंट लेक्चरर, बेयरर, क्लॉक रूम अटेंडेंट, कंसल्टेंट, डेस्क हेल्पर, गेस्ट ट्रेनर और टैक्स कलेक्टर जैसे पद शामिल हैं। प्रशासन के अनुसार, 7वें वेतन आयोग में ग्रेड पे उपलब्ध न होने और संबंधित विभागों की सिफारिश न मिलने के कारण इनके वेतन पुराने स्तर पर ही रखे गए हैं।