लुधियाना, पंजाब: पंजाब राज्य महिला आयोग ने लुधियाना में नौ लड़कियों के लापता होने की खबरों का स्वतः संज्ञान (सुओ मोटू) लिया है। आयोग ने पुलिस अधिकारियों से मामले की जांच की विस्तृत रिपोर्ट 8 जून तक मांगी है।

गुरुवार को जारी नोटिस में पंजाब राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष राज लाली गिल ने कहा कि आयोग ने इस मामले से जुड़ी मीडिया रिपोर्टों और सोशल मीडिया पर चल रही चर्चाओं को गंभीरता से लिया है। पंजाब राज्य महिला आयोग अधिनियम, 2001 की धारा 12 के तहत अपने अधिकारों का प्रयोग करते हुए आयोग ने लुधियाना के पुलिस आयुक्त स्वपन शर्मा से विस्तृत रिपोर्ट तलब की है।

 महिलाओं के अधिकारों, गरिमा की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है आयोग

नोटिस में कहा गया है कि महिलाओं के अधिकारों, सम्मान और सुरक्षा से जुड़े मामलों में आयोग स्वतः संज्ञान लेने का अधिकार रखता है। आयोग ऐसे मामलों को अत्यंत गंभीरता से देखता है और पंजाब में महिलाओं के अधिकारों, सम्मान तथा गरिमा की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है। आयोग ने पुलिस को निर्देश दिया है कि मामले में अब तक की गई कार्रवाई और जांच की प्रगति से संबंधित पूरी जानकारी 8 जून 2026 तक आयोग को उपलब्ध कराई जाए, ताकि आगे की कार्रवाई पर विचार किया जा सके।

नोटिस में यह भी कहा गया है कि निर्धारित तिथि तक कार्रवाई रिपोर्ट आयोग के ईमेल पते पर भेजी जाए। यह नोटिस राज्य में बच्चों और महिलाओं की सुरक्षा को लेकर बढ़ती चिंताओं के बीच जारी किया गया है। गौरतलब है कि लुधियाना में 48 घंटे के भीतर 9 लड़कियों के लापता होने की खबरों ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है।