फर्टिलिटी सेवाओं में देश की अग्रणी कंपनियों में से एक, Gaudium IVF & Women Health Limited का ₹165 करोड़ का आईपीओ आज से 24 फरवरी 2026 तक खुला रहेगा। कंपनी ने इसके लिए ₹75 से ₹79 प्रति शेयर का प्राइस बैंड तय किया है। इस इश्यू में ₹90 करोड़ के नए शेयर जारी किए जा रहे हैं, जबकि ₹75 करोड़ का हिस्सा ऑफर फॉर सेल (OFS) के तहत प्रमोटर डॉ. मणिका खन्ना द्वारा बेचा जा रहा है। रिटेल निवेशक न्यूनतम 189 शेयरों के एक लॉट के लिए बोली लगा सकते हैं, जिसके लिए ऊपरी प्राइस बैंड पर ₹14,931 का निवेश आवश्यक होगा। कंपनी के शेयर 27 फरवरी को बीएसई (BSE) और एनएसई (NSE) पर लिस्ट होने की उम्मीद है।
कंपनी आईपीओ से प्राप्त शुद्ध आय का मुख्य हिस्सा विस्तार कार्यों में खर्च करेगी। योजना के अनुसार, ₹50 करोड़ का उपयोग देश भर में 19 नए आईवीएफ केंद्र खोलने के लिए किया जाएगा, जबकि ₹20 करोड़ का इस्तेमाल कर्ज चुकाने के लिए होगा। वित्तीय रूप से कंपनी मजबूत स्थिति में दिख रही है; वित्त वर्ष 2025 में कंपनी का राजस्व ₹70.72 करोड़ और शुद्ध लाभ (PAT) ₹19.13 करोड़ रहा है। कंपनी का एबिटडा (EBITDA) मार्जिन लगभग 40% है, जो स्वास्थ्य सेवा क्षेत्र में काफी आकर्षक माना जाता है। हालांकि, निवेशकों को ₹31 करोड़ के लंबित टैक्स विवाद जैसे रिस्क फैक्टर्स पर भी गौर करना चाहिए।
बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, Gaudium IVF भारत की पहली लिस्टेड 'प्योर-प्ले फर्टिलिटी सर्विस' कंपनी बनने जा रही है, जिससे निवेशकों में काफी उत्साह है। ग्रे मार्केट (GMP) में इसके शेयर फिलहाल ₹8.5 से ₹12 के प्रीमियम पर ट्रेड कर रहे हैं, जो लिस्टिंग पर लगभग 11% से 15% तक के फायदे का संकेत दे रहा है। आज आईपीओ खुलने के शुरुआती घंटों में ही इसे निवेशकों का अच्छा रिस्पॉन्स मिला है। इसी के साथ, एसएमई (SME) सेगमेंट में भी नई कंपनियों के आने से प्राइमरी मार्केट में रौनक बनी हुई है। विशेषज्ञों की सलाह है कि लंबी अवधि के निवेशक इस सेक्टर की विकास क्षमता को देखते हुए आवेदन पर विचार कर सकते हैं।