पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कथित वायरल वीडियो को लेकर पहली बार विस्तार से अपनी प्रतिक्रिया देते हुए इसे पूरी तरह फर्जी और मनगढ़ंत बताया है। उन्होंने आरोप लगाया कि उन्हें राजनीतिक रूप से घेरने में असफल रहने के बाद अब कुछ लोग उनकी धार्मिक छवि को नुकसान पहुंचाने की कोशिश कर रहे हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि उनके खिलाफ सुनियोजित तरीके से दुष्प्रचार किया जा रहा है, ताकि जनता के बीच उनकी छवि को धूमिल किया जा सके।
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कहा कि पिछले कुछ दिनों से सोशल मीडिया पर एक कथित वीडियो वायरल किया जा रहा है, जिसमें दिख रहे व्यक्ति को उनके रूप में पेश किया जा रहा है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि वीडियो में दिखाई देने वाला व्यक्ति वह नहीं हैं और इस तरह की झूठी सामग्री फैलाकर उन्हें बदनाम करने की कोशिश की जा रही है।
"राजनीतिक रूप से नहीं हरा पाए तो धार्मिक मुद्दा बनाया"
भगवंत मान ने विपक्षी दलों पर निशाना साधते हुए कहा कि राजनीतिक स्तर पर मुकाबला नहीं कर पाने के कारण अब उनके खिलाफ धार्मिक भावनाओं का इस्तेमाल किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि कुछ राजनीतिक दल एकजुट होकर उन्हें धार्मिक आधार पर निशाना बनाने का प्रयास कर रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि वह किसी भी धार्मिक संस्था या सर्वोच्च धार्मिक पीठ का अनादर नहीं कर सकते, लेकिन उनके नाम पर झूठी जानकारी फैलाना और फर्जी वीडियो के आधार पर माहौल बनाना लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है।
VIDEO | Mohali: During a press conference, Punjab CM Bhagwant Mann (@BhagwantMann) says, “A fake and fabricated video of mine was circulated, and even religious directives were allegedly issued to derive political benefit from it. Certain politically motivated individuals… pic.twitter.com/4AnaIJU3TW
— Press Trust of India (@PTI_News) June 25, 2026
फर्जी वीडियो फैलाने का लगाया आरोप
मुख्यमंत्री ने कहा कि सोशल मीडिया पर प्रसारित वीडियो पूरी तरह से मनगढ़ंत है और इसका उद्देश्य केवल राजनीतिक लाभ उठाना है। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ लोग धार्मिक मंचों का उपयोग भी राजनीतिक एजेंडे को आगे बढ़ाने के लिए कर रहे हैं।
उनका कहना था कि लगातार ऐसे प्रयास किए जा रहे हैं ताकि लोगों के मन में उनके प्रति गलत धारणा बनाई जा सके। हालांकि उन्होंने विश्वास जताया कि पंजाब की जनता सच्चाई को समझती है और इस तरह के दुष्प्रचार से प्रभावित नहीं होगी।
सरकार के कामकाज का किया बचाव
भगवंत मान ने कहा कि उनकी सरकार ने पंजाब के सामाजिक, आर्थिक और धार्मिक क्षेत्रों में कई महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं। उन्होंने दावा किया कि राज्य सरकार ने बेअदबी जैसे मामलों में सख्त कानून बनाने की दिशा में काम किया है और जनता के हित में कई फैसले लिए हैं। मुख्यमंत्री का कहना था कि सरकार का ध्यान विकास, पारदर्शिता और जनकल्याण पर है, लेकिन कुछ राजनीतिक दल इन उपलब्धियों से ध्यान हटाने के लिए विवाद खड़ा कर रहे हैं।
वहीं, सोशल मीडिया एक्स पर आप पंजाब ने भी इस मामले से संबंधित एक वीडियो साझा किया है। पोस्ट में लिखा गया, "धर्म के नाम पर मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान को बदनाम करने की विरोधियों की साज़िश का पर्दाफ़ाश हो गया है। चेहरे पर नकाब पहनकर और राजनीतिक बदले के लिए पंजाबियों को बेवकूफ़ बनाने के लिए बनाए गए इस फ़र्ज़ी वीडियो का सच लोगों के सामने आ गया है। धर्म के नाम पर घटिया राजनीति करने वालों को पंजाब कभी माफ़ नहीं करेगा।" इस वीडियो में यह देखा जा सकता है कि एक व्यक्ति के हाथ में मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान का फेस से मिलता-जुलता मास्क हाथ में ले रखा है।
CM @BhagwantMann ਨੂੰ ਧਰਮ ਦੇ ਨਾਮ 'ਤੇ ਬਦਨਾਮ ਕਰਨ ਦੀ ਵਿਰੋਧੀਆਂ ਦੀ ਸਾਜ਼ਿਸ਼ ਦਾ ਹੋਇਆ ਪਰਦਾਫਾਸ਼ ‼️ਮੂੰਹ 'ਤੇ ਮਾਸਕ ਪਾ ਕੇ ਪੰਜਾਬੀਆਂ ਨੂੰ ਬੇਵਕੂਬ ਬਣਾਉਣ ਲਈ ਅਤੇ ਸਿਆਸੀ ਬਦਲਾਖੋਰੀ ਕਰਕੇ ਬਣਾਈ ਗਈ ਇਹ ਫ਼ੇਕ ਵੀਡੀਓ ਦਾ ਸੱਚ ਲੋਕਾਂ ਸਾਹਮਣੇ ਆ ਚੁੱਕਾ ਹੈ। ਧਰਮ ਦੇ ਨਾਮ 'ਤੇ ਨਿਚਲੇ ਪੱਧਰ ਦੀ ਸਿਆਸਤ ਕਰਨ ਵਾਲਿਆਂ ਨੂੰ ਪੰਜਾਬ ਕਦੇ… pic.twitter.com/If3TAumBUv
— AAP Punjab (@AAPPunjab) June 25, 2026
गुरुद्वारों के बाहर लगे बोर्डों पर भी उठाए सवाल
भगवंत मान ने गुरुद्वारों के बाहर लगाए जा रहे कुछ बोर्डों पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि यदि किसी व्यक्ति के खिलाफ धार्मिक आधार पर सार्वजनिक अभियान चलाया जा रहा है तो यह समान मानदंडों के आधार पर होना चाहिए।
उन्होंने सवाल किया कि अतीत में जब अन्य नेताओं के खिलाफ धार्मिक मामलों से जुड़े विवाद सामने आए थे, तब उसी तरह के बोर्ड क्यों नहीं लगाए गए। मुख्यमंत्री ने कहा कि सभी मामलों में समान दृष्टिकोण अपनाया जाना चाहिए और किसी एक व्यक्ति को निशाना बनाना उचित नहीं है।
पंजाब की राजनीति में बढ़ी बयानबाजी
कथित वीडियो विवाद के बाद पंजाब की राजनीति में आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है। एक ओर मुख्यमंत्री भगवंत मान इसे अपनी छवि खराब करने की साजिश बता रहे हैं, वहीं विपक्ष इस मुद्दे को लेकर लगातार सरकार पर हमला बोल रहा है।
फिलहाल इस पूरे विवाद ने राज्य की राजनीति में नई बहस छेड़ दी है। आने वाले दिनों में इस मामले पर राजनीतिक दलों और संबंधित संस्थाओं की प्रतिक्रियाएं और तेज हो सकती हैं। वहीं, मुख्यमंत्री ने स्पष्ट कर दिया है कि वह इस मुद्दे पर अपनी बात जनता के सामने रखते रहेंगे और झूठे प्रचार का जवाब तथ्यों के आधार पर देंगे।
Add GTC Bharat on Google